स्वर्ग की खोज – तेनालीराम की कहानी (Search for Heaven Story)

राजा कृष्णदेवराय ने स्वर्ग देखने की इच्छा जताई। तेनालीराम ने धन और समय लेकर राज्य में बाग, तालाब और पेड़ लगवाए, फिर राजा को वहां घुमाकर कहा — यही हमारी धरती का स्वर्ग है, जिसे हम खुद बना सकते हैं।

मनहूस रामैया – तेनालीराम की कहानी (Unlucky Ramaiya Story)

लोग रामैया को मनहूस मानते थे। एक दिन राजा ने सुबह उसका चेहरा देखा और दिनभर खाना नहीं खा पाए, तो रामैया को सज़ा सुना दी। तेनालीराम ने समझाया कि रामैया ने भी सुबह सबसे पहले राजा का चेहरा देखा और उसे सज़ा मिल गई — तो असली मनहूस कौन? राजा का अंधविश्वास टूट गया।

रसगुल्ले की जड़ – तेनालीराम की कहानी (Root of Rasgulla Story)

विदेशी मेहमान ने राजा कृष्णदेवराय से रसगुल्ले की जड़ मांगी। सब दरबारी उलझ गए। तेनालीराम ने गन्ने के टुकड़े लाकर समझाया कि रसगुल्ले की मिठास की जड़ गन्ना है, जिससे चीनी बनती है।

तेनालीराम और चोर की कहानी (Tenali Raman and Thieves Story)

सूखे के दिनों में तेनालीराम ने देखा कि चोर उसके घर पर नज़र रखे हैं। उसने ज़ोर से कहा कि गहनों का संदूक कुएं में छिपा दिया है। रातभर चोर कुएं से पानी निकालते रहे और तेनालीराम का सूखा बगीचा सिंच गया।